रोक्तिमा यादव की अनूठी पहल-कलेक्टर के साथ नई उड़ान- कक्षा से परे सीख का शुभारंभ हर माह 15 विद्यार्थियों को मिलेगा कलेक्टर व प्रेरक व्यक्तित्वों से सीधे संवाद का अवसर

kamrun nisha

श्रीमती रोक्तिमा यादव की अनूठी पहल-कलेक्टर के साथ नई उड़ान- कक्षा से परे सीख का शुभारंभ

अब कक्षा से आगे बढ़ेंगे सपने, नेतृत्व और व्यक्तित्व विकास

हर माह 15 विद्यार्थियों को मिलेगा कलेक्टर व प्रेरक व्यक्तित्वों से सीधे संवाद का अवसर

कोरिया, / कलेक्टर श्रीमती रोक्तिमा यादव द्वारा विद्यार्थियों के सर्वांगीण व्यक्तित्व विकास, नेतृत्व क्षमता, जीवन मूल्यों के संवर्धन एवं करियर मार्गदर्शन को नई दिशा देने के उद्देश्य से एक अभिनव जिला स्तरीय पहल
‘कलेक्टर के साथ कक्षा से परे- जहाँ सपनों को मिलती है नेतृत्व की नई दिशा’ का शुभारंभ शनिवार को कलेक्टोरेट परिसर स्थित कलेक्टर सभाकक्ष, बैकुण्ठपुर में किया गया।

शिक्षा का उद्देश्य केवल परीक्षा नहीं, व्यक्तित्व निर्माण भी
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कलेक्टर श्रीमती रोक्तिमा यादव ने कहा कि शिक्षा केवल पाठ्यपुस्तकों और परीक्षाओं तक सीमित नहीं है। प्रत्येक विद्यार्थी के भीतर अपार संभावनाएँ, नेतृत्व क्षमता और बड़े सपने छिपे होते हैं। आवश्यकता केवल ऐसे अवसरों की है, जहाँ विद्यार्थी खुलकर अपने विचार व्यक्त कर सकें, प्रेरणादायी व्यक्तित्वों से सीख सकें और अपने जीवन के लक्ष्यों को नई दिशा दे सकें।

हर माह 15 विद्यार्थियों को मिलेगा विशेष संवाद का अवसर
कलेक्टर ने बताया कि इस पहल के अंतर्गत प्रत्येक माह जिले के विभिन्न विद्यालयों से चयनित 15 विद्यार्थियों को जिला प्रशासन के साथ विशेष संवाद सत्र में सहभागी बनने का अवसर मिलेगा। प्रत्येक सत्र में जिले के एक प्रेरक शिक्षक के साथ किसी विशिष्ट अतिथि-जैसे प्रशासनिक अधिकारी, खिलाड़ी, वैज्ञानिक, उद्यमी, कलाकार अथवा अन्य प्रेरणादायी व्यक्तित्व-की सहभागिता भी होगी। इससे विद्यार्थियों को विभिन्न क्षेत्रों के अनुभवों से सीखने और व्यापक दृष्टिकोण विकसित करने का अवसर मिलेगा।

प्रतिभा, नेतृत्व और संवेदनशीलता के आधार पर होगा चयन
उन्होंने बताया कि विद्यार्थियों का चयन केवल शैक्षणिक उपलब्धियों के आधार पर नहीं किया जाएगा, बल्कि उनकी प्रतिभा, नेतृत्व क्षमता, रचनात्मक सोच, सामाजिक संवेदनशीलता, खेल, कला तथा सीखने की जिज्ञासा को भी महत्व दिया जाएगा। इससे जिले के विभिन्न क्षेत्रों एवं सभी वर्गों के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को समान अवसर प्राप्त होंगे।

लक्ष्य-संवेदनशील और जिम्मेदार युवा नेतृत्व तैयार करना
कलेक्टर श्रीमती रोक्तिमा यादव ने कहा कि जिला प्रशासन का उद्देश्य केवल सफल विद्यार्थी तैयार करना नहीं, बल्कि ऐसे आत्मविश्वासी, संवेदनशील, जिम्मेदार एवं नेतृत्वक्षम युवा तैयार करना है, जो भविष्य में अपने परिवार, समाज, जिले और राष्ट्र के विकास में सकारात्मक योगदान दे सकें।

उन्होंने कहा, ‘हर बच्चे के भीतर एक सपना और एक नेतृत्वकर्ता छिपा होता है। आवश्यकता केवल उसे सुनने, समझने और सही अवसर देने की है। ‘बियॉन्ड द क्लासरूम विद द कलेक्टर’ पहल उसी विश्वास की शुरुआत है। हमारा प्रयास बच्चों को केवल सफल बनाना नहीं, बल्कि उन्हें संवेदनशील, आत्मविश्वासी और समाज के प्रति उत्तरदायी नागरिक बनने के लिए प्रेरित करना है।’

25 जुलाई को होगा पहला संवाद सत्र
बैठक में सभी प्राचार्यों को कार्यक्रम की रूपरेखा, चयन प्रक्रिया एवं आगामी गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दी गई। साथ ही विद्यालयों से ऐसे विद्यार्थियों का चयन करने का आग्रह किया गया, जिनमें सीखने की जिज्ञासा, नेतृत्व क्षमता और समाज के लिए सकारात्मक कार्य करने की इच्छा हो। इस पहल का पहला संवाद सत्र 25 जुलाई 2026 को आयोजित किया जाएगा। इसमें चयनित विद्यार्थियों का पहला समूह ‘अपने सपनों के बारे में’ विषय पर संवाद करेगा तथा ‘ड्रीमर्स- 15’ का हिस्सा बनेगा।

दीर्घकालिक पहल से विद्यार्थियों के भविष्य को मिलेगी नई दिशा
जिला प्रशासन ने इस पहल को विद्यार्थियों के व्यक्तित्व निर्माण, नेतृत्व विकास और भविष्य निर्माण की दिशा में एक दीर्घकालिक एवं प्रेरणादायी प्रयास बताते हुए जिले के सभी विद्यालयों से इसमें सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित करने का आह्वान किया।

कार्यक्रम में एडीएम श्री सुरेन्द्र प्रसाद वैद्य, अपर कलेक्टर श्री डी.डी. मंडावी, जिला शिक्षा अधिकारी श्री जितेन्द्र कुमार गुप्ता सहित नीति आयोग के फेलो व अन्य अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published.