एम्स रायपुर द्वारा वायरोलॉजी लैब में बनी आरटी-पीसीआर लैबोरेट्री को मिली मंजूरी, कोरिया जिले में अब आरटी-पीसीआर कोविड टेस्ट संभव*
kamrun nisha
कलेक्टर राठौर के मार्गदर्शन में जिले की बड़ी उपलब्धि
कोरिया 11 मई 2021/ कोविड-19 संक्रमण से लड़ने और निजात पाने में कोरिया जिला अब और मजबूत हुआ है। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान(एम्स) रायपुर द्वारा कोरिया जिले के गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज में निर्मित वायरोलॉजी लैब में तैयार बीएसएल-2 आरटी-पीसीआर लैबोरेट्री में SARS CoV-2 कोविड-19 संक्रमण की जांच आरटी-पीसीआर के ज़रिए करने की मंजूरी दे दी है।
कलेक्टर एसएन राठौर ने उक्त जानकारी देते हुए बताया कि सरगुजा संभाग में कोरिया जिले में आरटी-पीसीआर जांच की अनुमति निश्चित ही बड़ी उपलब्धि है, जो जिले की स्वास्थ्य सुविधा में इजाफा करती है। इससे पूर्व संभाग में केवल मेडिकल कॉलेज, अम्बिकापुर में ही उक्त टेस्टिंग की जा रही है।उन्होंने कहा कि कोरिया जिले में मैदानी अमले द्वारा संक्रमण को रोकने लगातार संदिग्ध लोगों की ट्रेसिंग की जा रही है। ट्रीटमेंट के लिए कोविड हॉस्पिटल एवं कोविड केअर सेंटर तैयार किये गए हैं। ट्रू नॉट के माध्यम से जांच सुविधा भी उपलब्ध है। आरटी पीसीआर टेस्टिंग की अनुमति के साथ ही कोविड से चल रही जंग में कोरिया जिला स्वास्थ्य सुविधाओं से युक्त बना है।
सीएमएचओ डॉ रामेश्वर शर्मा ने इस उपलब्धि पर कहा कि कलेक्टर श्री राठौर के मार्गदर्शन सतत मार्गदर्शन में लैब तैयार की गई। अब एम्स रायपुर द्वारा आरटी पीसीआर की अनुमति मिलने से जिले में शीघ्र टेस्टिंग एवं रिपोर्ट प्राप्त की जा सकेगी जिससे मरीज को चिकित्सा उपलब्ध कराना आसान होगा। उन्होंने बताया कि जिला चिकित्सालय से पैथोलोजिस्ट डॉ डी के चिकन्जुरी को इसके लिए नोडल ऑफिसर बनाया गया है।
उल्लेखनीय है कि उपलब्ध मानव संसाधन, चिकित्सा यंत्र एवं उपकरण, आवश्यक सुविधाएं एवं कार्यकुशल टेस्ट पैनल के आधार पर एम्स द्वारा आरटी पीसीआर लैब एवं टेस्टिंग को स्वीकृति दी गयी है।

