कोरिया जिला, प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना के राज्य स्तरीय स्कोर कार्ड में अव्वल कलेक्टर की एक और पहल ने राज्य में बनाया प्रथम स्थान

kamrun nisha

कोरिया जिला, प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना के राज्य स्तरीय स्कोर कार्ड में अव्वल

कलेक्टर की एक और पहल ने राज्य में बनाया प्रथम स्थान

कोरिया मार्च 2025
जिले में बच्चों को स्कूल की दहलीज तक लाने और उनकी उपस्थिति में बढ़ोतरी सुनिश्चित करने हेतु प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण (पी.एम. पोषण) योजना के तहत उन्हें गर्म, पौष्टिक एवं गुणवत्तायुक्त भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है। इस योजना के सफल क्रियान्वयन के लिए 886 रसोइयों, सहायिकाओं को रोजगार दिया गया है और स्व-सहायता समूहों के माध्यम से विद्यालयों में गरम भोजन तैयार कर बच्चों को परोसा जा रहा है।
बच्चों के स्वास्थ्य और पोषण स्तर को बेहतर बनाने के उद्देश्य से जनप्रतिनिधियों एवं शिक्षकों के सहयोग से ‘न्योता भोजन’ का आयोजन किया जा रहा है, जिससे विद्यार्थियों को पौष्टिक आहार उपलब्ध कराया जा सके। इसी कड़ी में, लोक शिक्षण संचालनालय, रायपुर द्वारा जारी प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना 2024-25 के राज्य स्तरीय स्कोर कार्ड में कोरिया जिले ने प्रथम स्थान प्राप्त किया है।

कोरिया जिले की इस उपलब्धि के पीछे ये प्रमुख कारण संचालित शालाओं का अनुपात 99 प्रतिशत, लाभान्वित छात्रों का 75 प्रतिशत, 87 प्रतिशत रसोइयों की उपलब्धता, 92 प्रतिशत किचन एवं भंडारण सुविधा युक्त विद्यालय, 100 प्रतिशत एलपीजी गैस का उपयोग करने वाली शालाएं, 6 प्रतिशत न्योता भोजन का आयोजन, 98.44 प्रतिशत स्वास्थ्य परीक्षण, भारत सरकार को प्रतिदिन प्रेषित किए गए डेटा का अनुपात 97 प्रतिशत रहा।

कलेक्टर श्रीमती चंदन त्रिपाठी ने इस उपलब्धि पर खुशी जाहिर करते हुए कहा, कोरिया जिले द्वारा प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण योजना के क्रियान्वयन में प्रथम स्थान प्राप्त करना हम सभी के लिए गर्व की बात है। यह सफलता शिक्षकों, रसोइयों, स्व-सहायता समूहों, प्रशासन एवं जनप्रतिनिधियों के सामूहिक प्रयासों का परिणाम है। बच्चों को पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराना न केवल उनके स्वास्थ्य को बेहतर बनाता है, बल्कि उनकी स्कूल उपस्थिति और शिक्षा स्तर में भी सुधार लाता है। हम इस सफलता को बनाए रखने और योजना के प्रभाव को और मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

जिला शिक्षा अधिकारी ने भी इस उपलब्धि पर हर्ष जताते हुए कहा कि, हमारा प्रयास रहेगा कि इस योजना को और प्रभावी तरीके से लागू किया जाए, जिससे बच्चों को नियमित रूप से पौष्टिक भोजन मिल सके और उनके स्वास्थ्य एवं शिक्षा में निरंतर सुधार होता रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published.