प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के एसडीओ पर ठेकेदार के साथ मिलीभगत कर लगभग 1903.427 लाख की लागत से बन रही सड़क में अनियमितता बरतने के आरोप लगाए गए हैं। मामले में मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ शासन से शिकायत कर उच्च स्तरीय जांच की मांग भी की गई है।
कोरिया जिला से कमरुन निशा की खास रिपोर्ट



जिला कोरिया प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के एसडीओ पर ठेकेदार के साथ मिलीभगत कर लगभग 1903.427 लाख की लागत से बन रही सड़क में अनियमितता बरतने के आरोप लगाए गए हैं। मामले में मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ शासन से शिकायत कर उच्च स्तरीय जांच की मांग भी की गई है। करीब 33 किलोमीटर लंबी बनाई जा रही इस सड़क के निर्माण कार्य में जमकर अनियमितता बढ़ती जा रही है। अनियमितता की शिकायत होने के बावजूद कोई कार्यवाही ना होने से जिले के अधिकारियों पर भी एसडीओ को बचाने के आरोप लग रहे हैं।
बता दें कि, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत पोंड़ी डीह से जरौंधा तक करीब 33 किलोमीटर लंबी बिटुमिनस सड़क का 1903.427 लाख रुपए की लागत से निर्माण कराया जा रहा है। सड़क निर्माण का कार्य मेहतर आरके ट्रांसपोर्ट एवं कंस्ट्रक्शन प्राइवेट लिमिटेड कोरबा के द्वारा किया जा रहा है। ग्रामीणों ने एसडीओ पर ठेकेदार से मिलीभगत कर घटिया निर्माण कार्य कराने का आरोप लगाया है। लगाए गए आरोप पर विभाग के संबंधित अफसर भी मीडिया में बयान देने से बच रहे हैं। कुछ दिनों पूर्व असंगठित कामगार कांग्रेस के ब्लॉक अध्यक्ष ने उक्त सड़क निर्माण में हो रही अनियमितता के कारण मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ शासन से लिखित शिकायत की थी। जिसमें उन्होंने जनपद पंचायत खड़गवां के ग्राम पंचायत पोडीडीह से जारौंधा तक
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत बन रहे सड़क निर्माण कार्य में अनियमितता बरते जाने के साथ सड़क निर्माण में क्रेशर डस्ट एवं मुरूम डालने के बजाय मिट्टी डाले जाने तथा गुणवत्ता विहीन सामग्री डालने तथा पानी तराई ना करने की बात भी कही थी। वही उनके द्वारा एसडीओ ठेकेदार की मिलीभगत से निर्माण कार्य में अनियमितता बरती जाने के कारण उच्च स्तरीय जांच की मांग की गई थी।
मामले में कुछ भी कहने से बच रहे अधिकारी :-
मामले में जब विभाग के एसडीओ मोती सिंह से संपर्क उनका पक्ष जानने के लिए संपर्क किया गया तो उन्होंने फोन नहीं उठाया। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना जिला कार्यालय के अधिकारी से पक्ष लेने के लिए फोन किया गया तो उन्होंने कहा की अभी खबर प्रकाशित नहीं कीजिए बाहर से अधिकारी आए हुए हैं चले जाने दीजिए शनिवार के बाद एसडीओ से संपर्क करा देता हूं।
तकनीकी मानकों को दरकिनार कर बनाई जा रही सड़क :-
तकनीकी जानकार बताते हैं की सड़क निर्माण में नेचुरल सरफेस पर 200 मीमी मोटी सब ग्रेड की परत बिछाई जाती है। इसे मुरूम या ऐसी ही जैसी ज्यादा होल्डिंग कैपेसिटी वाले मिक्स से बनाया जाता है यह परत बहुत जरूरी है। क्योंकि नेचुरल सरफेस से सीधे संपर्क में रहती है तथा रोड पर पड़ने वाले अधिकांशत वजन को यही परत झेलती है। सब ग्रेड के ऊपर ग्रेन्यूलर सब बेस कोर्स की 200 मीमी मोटी परत बिछाई जाती है। उसके ऊपर वाटर मिक्स मेकडैम कि 225 मीमी बिछाने के बाद बिटुमिनस मेकडेम की 50 मीमी मोटी परत बिछाई जाती है। जिसमें मिनरल एग्रीगेट के साथ गर्म बाइंडर मिक्सचर का उपयोग किया जाता है जो कि सड़क को बेहतर मजबूती प्रदान करता है। इसके बाद हर मौसम की मार झेलने के लिए ओपन ग्रेडेड प्रीमिक्स कारपेटिंग और सील कोट की 20 मीमी परत बिछाई जाती है। उक्त सड़क निर्माण में घटिया सामग्री उपयोग करने के साथ ही ज्यादातर मानकों को परे रखकर निर्माण कार्य किया जा रहा है।

