एकीकृत बाल संरक्षण योजना की समीक्षा बैठक संपन्न महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा बाल विवाह रोकने एवं जागरूकता पर हुई चर्चा
kamrun nisha
कोरिया 24 अगस्त 2021/ सीईओ जिला पंचायत कुणाल दुदावत ने एकीकृत बाल संरक्षण योजना की समीक्षा बैठक में कोविड-19 महामारी के कारण अनाथ एवं बेसहारा हुए बच्चों की शिक्षा के संबंध में चर्चा करते हुए बताया कि जिले में संचालित महतारी दुलार योजना के तहत बच्चों को बेहतर शिक्षा दिलाने का प्रयास किया जा रहा है। जिले में चिन्हांकित बच्चों को स्वामी आत्मानंद स्कूल में प्रवेश भी दिलाया गया। कलेक्टर श्री श्याम धावड़े के निर्देश पर जिलेभर में जाति प्रमाण पत्र शिविर आयोजित किया जा रहे हैं। सीईओ जिला पंचायत ने बाल गृह के बच्चों के जाति प्रमाण पत्र बनवाने पर निर्देशित करते हुए संरक्षण अधिकारी को संबंधित एसडीएम से समन्वय कर बच्चों के प्रमाण पत्र शीघ्र बनवाने कहा।
बैठक में उन्होंने बाल गृह बालक मानव संसाधन संस्कृति विकास परिषद, बाल कल्याण समिति, किशोर न्याय बोर्ड के तहत लंबित प्रकरणों, क्रेडिबल बेबी झूला स्थापित करने, जिला बाल संरक्षण इकाई में रिक्त पदों की भर्ती के विषय पर जानकारी ली एवं आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने बाल संरक्षण अधिकारी को विकासखण्ड बाल संरक्षण समिति की त्रैमासिक बैठक आयोजित कराने के निर्देश दिए। जिले में गत समय में हुए बाल विवाह के संबंध में विस्तारपूर्वक चर्चा कर जानकारी ली। बैठक में बताया गया कि इस वर्ष जिले में कुल 25 केस मिले हैं जिसमें भरतपुर में 10 से अधिक केस मिले हैं। उन्होंने संबंधित अधिकारी को सख्त निगरानी एवं आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर जिला बाल कल्याण समिति के सदस्य भी उपस्थित रहे।
इसी तरह बैठक में विगत बैठक के पालन प्रतिवेदन पर चर्चा करते हुए बाल श्रमिक, अपशिष्ट संग्राहक, भिक्षावृत्ति में लिप्त बच्चों के सर्वेक्षण एवं पुनर्वास, संकटग्रस्त बालकों का सर्वेक्षण, चिन्हांकित 5 बच्चों के लिए किए गए कार्यों की वस्तुस्थिति बाल कल्याण समिति को देने, बाल गृह में बालकों का मासिक स्वास्थ्य परीक्षण, बाल कल्याण समिति एवं किशोर न्याय बोर्ड के लंबित प्रकरणों, आउटरीच वर्कर के रिक्त पदों पर भर्ती सहित चर्चा कर संबंधित अधिकारी को आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए।

