सोनहत रेंजर ने जिला प्रशासन के आंख में धूल झुकते हुए हरे पेड़ काटवाकर डिपो मे करवाया डंप, पुलिस ने किया जब्त

कोरिया। सोनहत रेंजर ने कटे हरे वृक्षों के साक्ष्य छुपाने के लिए ट्रैक्टर के माध्यम से डिपो में डंप करवाया। बैकुंठपुर के सोनहत वन परिक्षेत्र अधिकारी द्वारा लॉक डाउन में तालाब निर्माण का कार्य जेसीबी व ट्रैक्टर से कराया जा रहा था। तलाब में स्थित अनेकों पेड़ों की बलि देने के बाद जड़ से उखाड़कर छः ट्रैक्टर ट्राली मे लाद कर डिपो में डंप कराया गया। अनाधिकृत रूप से पंचायत में प्रवेश करने पर बेरियर में ट्रैक्टरों को रोककर सरपंच व सचिव के द्वारा पुलिस के सुपुर्द किया गया। मौके पर लकड़ी परिवहन करने के लिए दस्तावेज प्राप्त नहीं हुए।

ट्रैक्टर ड्राइवरों ने बताया कि जोगी बांध से लकड़ी उठाकर डिपो में हम लोगों के द्वारा रेंजर के कहने से लाया गया। उक्त रेंजर का हिटलर शाही साम्राज्य कायम है। एक और जहां वन में आग लगने की भी जानकारी विश्वस्त सूत्रों से प्राप्त हुई है। जंगल के मॉनिटरिंग के लिए कर्मचारियों को वाहन भी उपलब्ध नहीं कराया जाता। इनके कार्यकाल में वनों की अंधाधुंध कटाई अनवरत जारी है। कई बार खबरे प्रकाशित होने के बावजूद उक्त रेंजर के ऊपर किसी प्रकार की कार्रवाई ना होना इनके हौसलों को सातवें आसमान में रखने के बराबर है। वन विभाग के उच्च अधिकारियों से इनके कार्यकाल में हुए समस्त निर्माण कार्यों की जांच जनहित अर्थ में आवश्यक है। यदि सूक्ष्मता से जांच कराई जाती है तो कई भ्रष्टाचार उजागर होंगे इसमें संशय नहीं है।

एक तरफ जिला प्रशासन काेरोना जैसे महामारी बीमारी से लड़ रहा है जरूरतमंदों की मदद कर रहा है दूसरी ओर जिला प्रशासन के आंख में धूल झुकते हुए सोनहत रेंजर हरे भरे पेड़ों को कटवा डाला जंगल का रखवाली करने वाले ही हरे भरे पेड़ पौधों को कटवा रहे हैं सोनहत रेंजर से क्या उम्मीद की जाए
