सेवा संकल्प अभियान’ के तहत जिलास्तरीय आयुष स्वास्थ्य मेला एवं योग जनजागरूकता शिविर आयोजित कलेक्टर ने कहा-स्वस्थ तन के लिए योग, मन की शांति के लिए ध्यान और बेहतर जीवन के लिए आयुर्वेद जरूरी
kamrun nisha

‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत जिलास्तरीय आयुष स्वास्थ्य मेला एवं योग जनजागरूकता शिविर आयोजित
कोरिया, / 11वें राष्ट्रीय आयुर्वेद दिवस 2026 एवं ‘सेवा संकल्प अभियान’ के अवसर पर कलेक्टर श्रीमती रोक्तिमा यादव के मार्गदर्शन में आयुष विभाग द्वारा बुधवार को सांस्कृतिक भवन, बैकुण्ठपुर में जिला स्तरीय एक दिवसीय निःशुल्क आयुष स्वास्थ्य मेला, योग जनजागरूकता शिविर एवं औषधीय पौधों की प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में नागरिकों, छात्र-छात्राओं, अधिकारी-कर्मचारियों एवं जनप्रतिनिधियों ने सहभागिता की।

कलेक्टर ने कहा-प्रतिदिन अपने लिए एक घंटा जरूर निकालें
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कलेक्टर श्रीमती रोक्तिमा यादव ने कहा कि आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में प्रत्येक व्यक्ति को अपने स्वास्थ्य और मानसिक शांति के लिए नियमित रूप से समय निकालना चाहिए। स्वस्थ तन के लिए योग और स्वस्थ मन के लिए ध्यान अत्यंत आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि कई बार तनाव केवल काम के कारण नहीं, बल्कि हमारी नकारात्मक सोच के कारण भी बढ़ता है। ऐसे में आयुर्वेद, योग और ध्यान जीवनशैली को संतुलित रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। उन्होंने नागरिकों से स्वस्थ जीवन के लिए योग, ध्यान एवं आयुर्वेद को अपनी दैनिक दिनचर्या में शामिल करने का आह्वान किया।
योगाभ्यास के साथ समझाए गए योग के लाभ*
प्रातः 8 बजे से 9 बजे तक योग एवं जनजागरूकता सत्र आयोजित किया गया। ब्रह्मकुमारी बहनों एवं योग चिकित्सकों द्वारा ध्यान, प्राणायाम तथा षड्क्रिया के अंतर्गत जलनेति, सूत्रनेति एवं कुंजल क्रिया का प्रदर्शन कर इनके संबंध में जानकारी दी गई।
योगाचार्य डॉ. रमाकांत कुर्रे एवं डॉ. दिलीप मनहर ने विभिन्न योगासनों एवं प्राणायाम का अभ्यास कराया तथा उनके लाभों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि हृदय रोग, उच्च रक्तचाप अथवा किसी गंभीर बीमारी से पीड़ित व्यक्ति योगाभ्यास शुरू करने से पहले अपने चिकित्सक की सलाह अवश्य लें।
निःशुल्क स्वास्थ्य जांच एवं औषधियों का वितरण
आयुष स्वास्थ्य मेले में आयुर्वेद, होम्योपैथी एवं यूनानी चिकित्सा पद्धति के विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा नागरिकों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। आवश्यकतानुसार मरीजों को निःशुल्क औषधियां भी प्रदान की गईं। शिविर में अग्निकर्म, जलौकाकर्म एवं नेत्र प्रक्षालन जैसी आयुष चिकित्सा प्रक्रियाओं की जानकारी एवं उपचार संबंधी मार्गदर्शन भी दिया गया।
औषधीय पौधों की प्रदर्शनी ने बढ़ाया आकर्षण
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कार्यक्रम स्थल पर विभिन्न औषधीय पौधों की प्रदर्शनी लगाई गई। इसमें नागरिकों को पौधों की पहचान, उनके औषधीय उपयोग तथा दैनिक जीवन में आयुर्वेदके महत्व की जानकारी दी गई। आयुर्वेद को दैनिक जीवन में अपनाने और इसके प्रचार-प्रसार के लिए शपथ कार्यक्रम एवं संगोष्ठी का भी आयोजन किया गया।
11वें राष्ट्रीय आयुर्वेद दिवस 2026 की थीम ‘स्वस्थ भविष्य के लिए आयुर्वेद’ के अनुरूप आयोजित कार्यक्रम में आयुर्वेद को आधुनिक विज्ञान, अनुसंधान और स्वस्थ जीवनशैली से जोड़ने पर जोर दिया गया।
कार्यक्रम में जिला पंचायत सीईओ श्री योगेंद्र श्रीवास, जिला पंचायत सदस्य श्रीमती सुषमा कोर्राम, डिप्टी कलेक्टर श्री राकेश साहू, गणमान्य नागरिक श्री देवेंद्र तिवारी, श्री कृष्ण बिहारी जायसवाल, जिला आयुष अधिकारी डॉ. बसंत कुमार नोरगे, डॉ जे.एन. मिश्रा, वैद्य श्री अरुण शुक्ला सहित विभिन्न जनप्रतिनिधि, गणमान्यजन, अधिकारी- कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

