25 साल सेवा संकल्प अभियान के तहत जिले के आंगनवाड़ी केन्द्रों में ‘आंगन मिलन’ कार्यक्रम शुरू पोषण और मातृ-शिशु स्वास्थ्य पर संवाद, कार्यकर्ताओं एवं हितग्राहियों का सम्मान और मुनगा पौधरोपण
kamrun nisha

25 साल सेवा संकल्प अभियान के तहत जिले के आंगनवाड़ी केन्द्रों में ‘आंगन मिलन’ कार्यक्रम शुरू
पोषण और मातृ-शिशु स्वास्थ्य पर संवाद, कार्यकर्ताओं एवं हितग्राहियों का सम्मान और मुनगा पौधरोपण
कोरिया, 25 सितम्बर 2026/
‘25 साल सेवा संकल्प अभियान’ के अंतर्गत कोरिया जिले के समस्त आंगनवाड़ी केन्द्रों में ‘आंगन मिलन सेवा कार्यक्रम’ का आयोजन शुक्रवार से प्रारंभ हुआ। यह कार्यक्रम आगामी 6 अक्टूबर 2026 तक जिले के विभिन्न आंगनवाड़ी केन्द्रों में आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम के माध्यम से आंगनवाड़ी केन्द्रों को समुदाय से जोड़ते हुए पोषण, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य तथा महिला एवं बाल विकास विभाग की योजनाओं के प्रति जागरूकता बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है।
जिला कार्यक्रम अधिकारी, महिला एवं बाल विकास विभाग ने बताया कि ‘आंगन मिलन’ कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधियों, गणमान्य नागरिकों, हितग्राहियों, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं एवं मितानिनों की सहभागिता सुनिश्चित की जा रही है। केन्द्रों में सहज एवं संवादात्मक वातावरण में पोषण तथा बच्चों के स्वास्थ्य से जुड़े विषयों पर चर्चा की जा रही है।
घुघरा में जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों की सहभागिता
सोनहत विकासखंड के ग्राम घुघरा स्थित आंगनवाड़ी केन्द्र में आयोजित आंगन मिलन कार्यक्रम में जनपद पंचायत अध्यक्ष, जिला पंचायत सदस्य, स्थानीय जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक एवं हितग्राही शामिल हुए। कार्यक्रम में आंगनवाड़ी केन्द्र की गतिविधियों तथा बच्चों एवं माताओं के पोषण से जुड़े विषयों पर चर्चा की गई।
स्कूल पारा में स्वस्थ शिशु और जागरूक माता का सम्मान
बैकुण्ठपुर के स्कूल पारा स्थित आंगनवाड़ी केन्द्र में आयोजित कार्यक्रम में स्वस्थ शिशु, जागरूक माता, मितानिन, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर महतारी वंदन योजना एवं प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के हितग्राहियों ने योजनाओं से जुड़े अपने अनुभव साझा किए।
मुनगा पौधरोपण के साथ पोषण का संदेश
घुघरा एवं स्कूल पारा आंगनवाड़ी केन्द्रों में मुनगा पौधों का रोपण किया गया। इसके साथ ही उपस्थित लोगों से मुनगा के पोषण संबंधी महत्व एवं इसके उपयोग से होने वाले लाभों पर चर्चा की गई। स्थानीय स्तर पर उपलब्ध पौष्टिक खाद्य पदार्थों को आहार में शामिल करने तथा बच्चों और माताओं के संतुलित पोषण को लेकर भी जानकारी साझा की गई।
‘आंगन मिलन’ कार्यक्रम के माध्यम से आंगनवाड़ी केन्द्रों में समुदाय की भागीदारी बढ़ाने, पोषण संबंधी जागरूकता को मजबूत करने तथा महिला एवं बाल विकास विभाग की सेवाओं को हितग्राहियों तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।

