अनुमति देने में मनमानी न करें जिला प्रशासन-शिवहरे पहुँच वाले और विधायकों द्वारा किये गए अनुशंसा पर ही अनुमति दिए जाने का आरोप

भाजपा नेता शैलेश सिहोरे द्वारा बताया गया की इन दिनों लॉकडाउन के कारण हर जगह लोग फॅसे हुए हैं, आने जाने में रोक के कारण चाहकर भी लोग अपने गंतव्य तक नही पहुँच पा रहे हैं, ऐसे में लोगो की समस्याओं को ध्यान में रखते हुए गृह मंत्रालय भारत सरकार एवं छत्तीसगढ़ शासन ने भी पर्याप्त और आवश्यक कारणों से जिला प्रशासन के द्वारा अनुमति दिए जाने का प्रावधान किया है,विधिवत आवेदन करने के उपरांत परीक्षण करते हुए जरूरतमंदों को आने जाने का अनुमति दिया जाना है,लेकिन इससे उलट कोरिया जिले में प्रशासन के द्वारा अनुमति दिए जाने में भारी आनाकानी और मनमानी की जा रही है। उक्ताशय के संबंध में एक बयान जारी करते हुए भाजपा नेता शैलेष शिवहरे ने कहा कि आज विपदा के दौरान कई लोग अपने घरों से दूर फँसे हुए हैं, जो जहां थे वहीं उन्हें रोका गया है,लेकिन धीरे धीरे आने जाने हेतु सरकार द्वारा अनुमति के बाद आवागमन की छूट दी गई है लेकिन कोरिया जिले में इसके बावजूद कई ऐसे जरूरतमंद हैं जिन्हें अनुमति नही मिल पा रही है। श्री शिवहरे ने कहा कि तत्काल अनुमति सिर्फ उन्हें दी जा रही है जो कि पहुँच वाले हैं या जिनकी अनुशंसा विधायकों द्वारा की जा रही है। जिले ने कई ऐसे नागरिक हैं जो कि मेडिकल कार्य से भी आना जाना करना चाहते हैं लेकिन उन्हें आसानी से अनुमति नही दिया जा रहा है। कलेक्टर कार्यालय में प्रतिदिन सैकड़ो जरूरतमंद लोग अनुमति की आस में अपनी पीड़ा लेकर पहुँच रहे हैं लेकिन वहां उनकी सुनने वाला कोई नही है। भाजपा नेता ने कहा कि कलेक्टर कार्यालय में बैठे एक अधिकारी आवेदकों को अनुमति देना तो दूर उनसे सीधा मुँह बात करना तक जरूरी नही समझते। और डॉट डपटकर भगा देते हैं।
उन्होंने कहा कि प्रशासन जरूरतमंदों की समस्या को कम से कम सुने और यदि उसे ऐसा लगता है कि यह उनके अधिकार क्षेत्र के बाहर है तो कम से कम उसे ऊपर भेजने का काम करे न कि अपने पास से ही आवदेक को उल्टे पैर वापिस करे। श्री शिवहरे ने कहा कि प्रशासन को लोगो की समस्याओं के समाधान में आनाकानी और मुँहदेखी नही करना चाहिए बल्कि लोगो को राहत पहुचाने का काम करना चाहिए। उन्होंने जिला प्रशासन से मांग किया है कि अनुमति देने में सभी को समान रूप से देखकर अनुमति दिया जाए ऐसा न हो कि जिनकी अनुशंसा सिर्फ विधायक करें या जो पहुँच वाला हो अनुमति सिर्फ उसे दिया जाए बाकी लोग ऐसी घूमते रहें।
